‘जहरीले लड्डू दिए’, कैसे बाबा कमरुद्दीन ने उठाया लालच का फायदा; दिल्ली में धनवर्षा के झांसे ने ली तीन की जान…

बाहरी दिल्ली के पीरागढ़ी फ्लाईओवर के पास कार में मिले तीन शव की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। तीनों जिसमें महिला भी थी एक कथित तांत्रिक के झांसे में आकर करोड़ रुपये की धनवर्षा के लालच में फंस अपनी जान से हाथ धो बैठे।
बाहरी जिला पुलिस ने इस तिहरे हत्याकांड की गुत्थी सुलझाते हुए आरोपित कथित तांत्रिक कमरुद्दीन उर्फ बाबा को गिरफ्तार कर लिया है।
तंत्र-मंत्र के जरिए रातों-रात करोड़पति बनाने का दिखाया सपना
आरोपित ने पीड़ितों को तंत्र-मंत्र के जरिए रातों-रात करोड़पति बनाने का सपना दिखाया और फिर जहरीले लड्डू खिलाकर उनकी हत्या करने के बाद उनके दो लाख रुपये लूटकर फरार हो गया।
बाहरी जिला पुलिस उपायुक्त सचिन शर्मा ने बताया कि पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपित कमरुद्दीन ने 76 वर्षीय रणधीर, 42 वर्षीय शिव नरेश और 40 वर्षीय लक्ष्मी को विश्वास में लिया था कि वह अपनी तांत्रिक शक्तियों से धनवर्षा करवा सकता है।
जहरीले लड्डू खाकर मौत की नींद सो गए तीन लोग
इस अनुष्ठान के लिए उसने उनसे 2 लाख रुपये नकद, शराब और कोल्ड ड्रिंक लाने को कहा था। आरोपित ने साजिश के तहत पहले से ही जहरीले लड्डू तैयार कर रखे थे। 8 फरवरी को जब आरोपित पीड़ितों के साथ उनकी कार में सवार था, उसने मौका पाकर उन्हें जहर मिले हुए लड्डू खिला दिए।
जैसे ही तीनों अचेत हुए, आरोपित उनके पास मौजूद 2 लाख रुपये लूटकर फरार हो गया।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस को 8 फरवरी को दोपहर करीब 3.30 में सूचना मिली थी कि पुलिस पश्चिम विहार ईस्ट थाना क्षेत्र में पीरागढ़ी फ्लाईओवर के पास एक कार खड़ी है, जिसमें तीन लोग अचेत पड़े हैं।
मौके पर पहुंची पुलिस को कार अंदर तीनों मिले। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डाक्टरो ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। कार की जांच करने पर उसमें से शराब और कोल्ड ड्रिंक की बोतल, तीन ग्लास, सभी के मोबाइल और कुछ नकदी बरामद हुए।
प्राथमिक जांच में तीनों के जहर से मौत की पुष्टि हुई। मौत की इस गुत्थी को सुलझाने के लिए पुलिस ने पूछताछ के साथ ही तकनीक का सहारा लिया। तीनों के ही मोबाइल के काल डिटेल निकाले गए। जिसमें पुलिस को एक संदिग्ध नंबर मिला, जोकि तीनों के मोबाइल में थे, वे उनके संपर्क में घटना के कुछ समय पहले तक थे।
कौन है बाबा कमरुद्दीन?
जांच में वह नंबर लोनी, गाजियाबाद निवासी एक कथित तांत्रिक का मिला। सीसीटीवी फुटेज और लोकेशन ट्रेसिंग से यह साफ हो गया कि वारदात के वक्त वह तांत्रित गाड़ी में ही मौजूद था।
इसके बाद पुलिस ने आरोपित को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पता चला वह एक शातिर और आदतन अपराधी है।
धनवर्षा के जाल में फंसाता था आरोपी
उस पर पहले से ही राजस्थान के धौलपुर और उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में भी धोखाधड़ी और हत्या जैसे संगीन धाराओं के तहत मुकदमे दर्ज हैं।
वह फिरोजाबाद और लोनी में तांत्रिक केंद्र चलाकर भोले-भले लोगों की बीमारी ठीक करने का झांसा देकर पास बुलाता था फिर उन्हें धनवर्षा के जाल में फंसाता था।
उपायुक्त ने बताया कि आरोपित तांत्रिक से मृतक महिला लक्ष्मी ने शिव नरेश की पहचान कराई थी। लक्ष्मी और शिव नरेश की कुछ माह पहले ही दोस्ती हुई थी।
उसी ने बताया था कि वह अपने पति के किसी स्वास्थ्य समस्या के निदान के लिए वह कमरुद्दीन के पास गई थी जहां उसने अपने चादर से धनवर्षा करके लक्ष्मी को दिखाया था, उसने कहा था कि दो लाख के वह करोड़ बना सकता है।
सीसीटीवी फुटेज से पकड़ा गया
नरेश ने यह बात रणधीर को बताई जिसके साथ वह कई सालों से काम कर रहा था। इसके बाद रणधीर रुपये के लालच में आ गया। घटना के दिन कमरुद्दीन ने ही उन्हें शराब और दो लाख लेकर लोनी अपने घर बुलाया था, साथ ही हिदायत दी थी कि वे इसकी चर्चा अपने नजदीकी से भी न करें।
पर तीनों उसके घर पहुंचे तो कमरुद्दीन ने बहाना बना दिया कि आज नहीं हो सकता और साथ हो लिया। रास्ते में जहरीला लड्डू खिलाकर उनके रुपये लूटकर फरार हो गया, पर सीसीटीवी फुटेज की जांच में आरोपित नजर आ गया।
पूछताछ में आरोपित ने बताया कि उसने जानबूझकर दोनों के पर्स में रखे रुपये, मोबाइल और महिला के गहनों को हाथ नहीं लगाया था। ताकि लोगों को लूट का संदेह न हो।
साथ ही उसने कार से चौथी ग्लास भी अपने साथ ले गया था, जिसमें उसने शराब पी थी, ताकि यह लगे कि कार में सिर्फ वे तीन ही थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि क्या इस आरोपित ने दिल्ली या आसपास के राज्यों में भी इसी तरह की अन्य वारदातों को अंजाम दिया है।





